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टिहरी बांध परियोजना अन्तर्गत विस्थापित परिवार को आवासीय भूखंड पर दिलाया कब्जा

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देहरादून, 17 फरवरी। जिला प्रशासन की तत्पर एवं प्रभावी कार्यवाही के फलस्वरूप ग्राम अटक फार्म, परगना पछवादून, तहसील विकासनगर में 15 वर्षों से आवंटित भूमि पर विधिवत कब्जा दिलाया गया। कब्जा प्राप्त होने के उपरांत लाभार्थी महिला ने अपने भाई के साथ जिलाधिकारी देहरादून का आभार व्यक्त किया। प्रकरण अटकफार्म, सेलाकुई, विकासनगर स्थित टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड (टिहरी बांध परियोजना) के अंतर्गत विस्थापित परिवारों को आवंटित आवासीय भूखण्डों से संबंधित है। शिकायतकर्ता सुमेरचंद एवं अन्य को आवंटित आवासीय भूखण्ड संख्या-29 पर अवैध कब्जे की शिकायत प्राप्त होने पर जिलाधिकारी के निर्देशानुसार त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित की गई। जमीन कब्जे के जंगलराज पर जिला प्रशासन का न्याय का प्रहार करते हुए टिहरी बांध परियोजना अन्तर्गत विस्थापित परिवार को आवासीय भूख्ंाड पर कब्जा दिला दिया है। जहां निम्न मध्यम वर्ग के पीड़ित विस्थापित पहाड़ी दम्पति की आवासीय भूमि पर कब्जा कर अवैध निर्माण किया जा रहा था। जिला प्रशासन ने विस्थािपत दम्पति को उनका हक दिलाते हुए वर्षों से अतिक्रमित भूमि पर कब्जा दिला दिया है। जिस पर दम्पति जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करने पंहुची। जिलाधिकारी के निर्देशों के अनुपालन में उप जिलाधिकारी द्वारा संयुक्त जांच टीम गठित की गई। जांच टीम में तहसील विकासनगर के सर्वे लेखपाल, सर्व कानूनगो, राजस्व उपनिरीक्षक (पुनर्वास), राजस्व निरीक्षक (पुनर्वास) तथा सहायक अभियंता (पुनर्वास) सम्मिलित रहे। टीम द्वारा पुनर्वास स्थल अटकफार्म में स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान भूखण्ड संख्या-15, 16, 17, 27, 28 एवं 29 का टिहरी बांध परियोजना द्वारा स्वीकृत नक्शों एवं राजस्व अभिलेखों से मिलान किया गया। मिलान उपरांत पाया गया कि उक्त आवंटित भूखण्ड खसरा संख्या 301, 302 एवं 303 के भाग हैं, जिन्हें टिहरी बांध परियोजना से विस्थापित परिवारों के पुनर्वास हेतु क्रय किया गया था। संयुक्त जांच में यह तथ्य प्रकाश में आया कि स्वर्गीय कुन्दन लाल जोशी के वारिसान द्वारा उक्त भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर गन्ने की खेती की जा रही थी। प्रकरण की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को अवैध कब्जा तत्काल हटवाने के निर्देश दिए गए। जिला प्रशासन की निगरानी में खसरा संख्या 301, 302 एवं 303 से अवैध कब्जा हटवाकर आवंटित भूखण्ड संख्या-29 सहित संबंधित भूखण्डों पर विधिसम्मत रूप से शिकायतकर्ता सुमेरचन्द्र एवं अन्य लाभार्थियों को कब्जा दिलाया गया। भूमि पर वैध अधिकार प्राप्त होने उपरांत लाभार्थी दंपति ने जिलाधिकारी से मुलाकता कर मुख्यमंत्री एंव जिला प्रशासन का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि वर्षों से लंबित समस्या का समाधान प्रशासन की सक्रिय पहल से संभव हो सका। जिलाधिकारी ने कहा कि पात्र लाभार्थियों के अधिकारों की रक्षा हेतु प्रशासन पूर्णतः प्रतिबद्ध है भूमि कब्जाने व भू-माफियाओं के विरूद्ध जिला प्रशासन के सख्त कार्यवाही जारी रहेगी।

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