Haridwar Kumbh 2027 Devbhoomi Uttarakhand
Pahaad Connection
Breaking News
Breaking Newsउत्तराखंडसोशल वायरल

उत्तर प्रदेश के रेशम निदेशक ने किया क्षेत्रीय रेशम उत्पादन अनुसंधान केंद्र का तकनीकी भ्रमण

Advertisement

देहरादून। उत्तर प्रदेश के रेशम निदेशक आनंद कुमार शुक्ला ने आज सहसपुर, देहरादून में स्थित क्षेत्रीय रेशम उत्पादन अनुसंधान केंद्र का तकनीकी भ्रमण किया। उन्होंने केंद्र में संचालित अनुसंधान एवं विकास गतिविधियों, विकसित की जा रही रेशम उत्पादन तकनीकों तथा रेशम उत्पादकों की उत्पादकता और आय में वृद्धि के लिए किए जा रहे तकनीकी नवाचारों का अवलोकन किया। केंद्र प्रभारी डॉ. पवन सैनी ने बताया कि इस कीटपालन गृह की क्षमता लगभग 100 DFL के पालन की है। इसका उद्देश्य सीमित संसाधनों में वैज्ञानिक विधि से रेशमकीट पालन को बढ़ावा देना तथा इसकी उपयोगिता, कार्यक्षमता और तकनीकी व्यवहार्यता को प्रदर्शित करना है। भ्रमण के दौरान केंद्र प्रभारी ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के साथ संचालित सहयोगात्मक परियोजना “उत्तराखण्ड में राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे शहतूत वृक्षारोपण के विकास” की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि यह परियोजना वर्तमान में तीन राजमार्ग खंडों पर संचालित की जा रही है, जिनमें राष्ट्रीय राजमार्ग-72ए/73 (रुड़की), राष्ट्रीय राजमार्ग-74 (नजीबाबाद) तथा राष्ट्रीय राजमार्ग-125 (सितारगंज–खटीमा) शामिल हैं। इस पहल का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे शहतूत पौधारोपण को बढ़ावा देना तथा शहतूत आधारित रेशम उत्पादन की संभावनाओं का विस्तार करना है। उन्होंने “कृषि आधारित शहतूत वृक्षारोपण मॉडल” की जानकारी भी दी। इस मॉडल के अंतर्गत वृक्षीय पद्धति से लगाए गए शहतूत के पौधों की कतारों के बीच उपलब्ध भूमि पर अंतःफसली खेती को प्रोत्साहित किया जाता है।

 

Advertisement
Advertisement

Related posts

बास्केटबॉल कोर्ट पर पेसल वीड स्कूल का दबदबा

pahaadconnection

सीएम ने किया पवेलियन मैदान में चल रहे लॉन बाल कैंप का निरीक्षण

pahaadconnection

क्रिकेट आइकॉन सचिन तेंदुलकर ने आईसीसी मेन्‍स टी20 वर्ल्‍ड कप में एक यादगार सरप्राइज दिया

pahaadconnection

Leave a Comment