Pahaad Connection
Breaking News
Breaking Newsउत्तराखंड

अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन ने किया मुख्यमंत्री को सम्मानित

Advertisement

देहरादून। प्रदेश में समान नागरिक संहिता विधेयक विधान सभा से पारित होने पर अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के प्रदेश अध्यक्ष राम गोपाल गोयल ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को शॉल उड़ाकर स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश में समान नागरिक संहिता लागू किये जाने के लिये मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के प्रयासों की प्रशंसा की। मुख्यमंत्री ने राज्य विधान सभा में नागरिक संहिता विधेयक पास होने के पीछे उत्तराखण्ड की जनता की शक्ति बताते हुये कहा कि महिला सशक्तिकरण की दिशा में यह कानून मील का पत्थर साबित होगा। मुख्यमंत्री ने इसके लिये प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केन्द्र सरकार तथा प्रदेश की देवतुल्य जनता का भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने समान नागरिक संहिता पर देवभूमि की सवा करोड़ जनता से किये गए अपने वादे को निभाया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम जनता के हैं और जनता हमारी है, यह कानून जनता के लिये है, जनता की भलाई, समता और समानता के लिये बनाया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सौभाग्यशाली हैं कि हमारे देश का नेतृत्व आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सक्षम हाथों में है, जिनके लिए देश सर्वप्रथम है, जो इस देश को ही अपना परिवार समझते हैं और अपने परिवारजनों का सुख-दुःख ही उनका सुख-दुःख है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने समान नागरिक संहिता पर देवभूमि की सवा करोड़ जनता से किये गए अपने वादे को निभाया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम जनता के हैं और जनता हमारी है, यह कानून जनता के लिये  है, जनता की भलाई, समता और समानता के लिये बनाया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि समान नागरिक संहिता, विवाह, भरण-पोषण, गोद लेने, उत्तराधिकार, विवाह विच्छेद जैसे मामलों में भेदभाव न करते हुए सभी को बराबरी का अधिकार देगा और जो प्रत्येक नागरिक का मौलिक अधिकार भी है। समान नागरिक संहिता समाज के विभिन्न वर्गों, विशेष रूप से माताओं-बहनों और बेटियों के साथ होने वाले भेदभाव को समाप्त करने में सहायक होगा। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि महिलाओं के साथ होने वाले अत्याचारों को रोका जाए। हमारी माताओं-बहन-बेटियों के साथ होने वाले भेदभाव को समाप्त किया जाए। हमारी आधी आबादी को सच्चे अर्थों में बराबरी का दर्जा देकर हमारी मातृशक्ति को संपूर्ण न्याय दिया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश विकसित भारत का सपना देखने के साथ भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है। उनके नेतृत्व में यह देश तीन तलाक और धारा-370 जैसी ऐतिहासिक गलतियों को सुधारने के पथ पर अग्रसर है। उनके नेतृत्व में सैंकड़ों वर्षों के बाद अयोध्या में रामलला अपने जन्मस्थान पर विराजमान हुए हैं, और मातृशक्ति को सशक्त करने के लिए विधायिका में 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान किया गया है।

इस अवसर पर मुख्यरूप से अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के दीपक सिंघल, श्याम अग्रवाल, अंतराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन महानगर देहरादून के अध्यक्ष विशाल गुप्ता, महामंत्री निकुंज गुप्ता उपस्थित रहे।

Advertisement

 

Advertisement
Advertisement

Related posts

हल्द्वानी के आई-क्यू अस्पताल को मिला एनएबीएच सर्टिफिकेशन

pahaadconnection

जिलाधिकारी ने किया मेला स्थल का निरीक्षण

pahaadconnection

देहरादून मसूरी रोपवे परियोजना पूरी होने पर मात्र 15 मिनट रह जायेगा यात्रा का समय

pahaadconnection

Leave a Comment