Haridwar Kumbh 2027 Devbhoomi Uttarakhand
Pahaad Connection
Breaking News
Breaking Newsउत्तराखंड

मुख्यमंत्री ने पैंली-पैंली बार उत्तराखण्डी गीत का किया विमोचन

Advertisement

देहरादून 27 दिसम्बर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार मुख्यमंत्री आवास पैंली-पैंली बार उत्तराखण्डी गीत का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने सभी लोक गायकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह गीत जन-जन तक सरकार द्वारा किए गए विकास कार्यों को पहुंचाएगा। उन्होंने कहा इन गीतों के माध्यम से समाज में जागरूकता आएगी एवं उत्तराखंड में पहली बार हुए कार्यों से बड़ी संख्या में लोग अवगत हो सकेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार द्वारा लिए जा रहे निर्णय अन्य राज्यों के लिए भी उदाहरण बन रहे हैं। उन्होंने लोक कलाकारों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति, भाषा और परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा हमारा राज्य, विकास के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ रहा है। ऐतिहासिक फैसलों और योजनाओं के माध्यम से आम जन को सहूलियत पहुंचाई जा रही है। विभिन्न चुनौतियों के बाद भी राज्य ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, स्टार्टअप, कृषि, रिवर्स पलायन , बागवानी, हर क्षेत्र में नया इतिहास रच रहा है। “पैली-पैली बार” गीत में उत्तराखण्ड राज्य के इतिहास में पहली बार हुए विकास कार्यों का उल्लेख किया गया है। गीत में नकल विरोधी कानून, वृहद स्तर पर सरकारी जमीनों पर हुये अतिक्रमण को हटाने, धर्मान्तरण और यूसीसी , शीतकालीन यात्रा, पर्यटन व तीर्थाटन को बढावा, आदि कैलाश यात्रा, रिवर्स पलायन, राजस्व वृद्धि, किसानों को प्रदान की जा सुविधाओं, सरकारी सेवाओं में हुई नियुक्तियों जैसे महत्वपूर्ण और विकासपरक योजनाओं का उल्लेख किया गया है। इस गीत के बोल उत्तराखण्ड के विकास कार्यों को प्रमुखता से उजागर करते हैं और कैसे राज्य का समग्र विकास किया जा रहा है, को भी परिभाषित करते हैं। साथ ही सरकार द्वारा वर्तमान मे चलाए जा रहे अभियान “जन जन की सरकार, जन जन के द्वार” की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया है।
इस गीत में उत्तराखण्ड के प्रमुख लोकगायक श्री सौरभ मैठाणी, गोविन्द दिगारी, राकेश खनवाल, ललित गित्यार, भूपेन्द्र बसेडा, मनोज सामन्त, चन्द्रप्रकाश एवं लोकगायिका सुश्री खुशी जोशी व सोनम ने सम्मिलित रूप से स्वर प्रदान किया गया है। साथ ही इसकी धुन व गीत श्री भूपेन्द्र बसेड़ा द्वारा एवं संगीत श्री ललित गित्यार द्वारा तैयार किया गया है। विभिन्न गायकों/गायिकाओं द्वारा रचित यह उत्तराखण्डी लोकधुन पर आधारित गीत सुनने में अत्यधिक कर्णप्रिय लग रहा है और सरकार की विकास योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने, विकास कार्यों के प्रति समझ को बढ़ाने तथा जन-जन को विकास योजनाओं के बारे में सुगमता से जानकारी प्रदान करने का भरसक प्रयास किया गया है। इस अवसर पर दायित्वधारी श्री कैलाश पंत, लोकगायक श्री सौरभ मैठाणी, श्री गोविन्द दिगारी (वर्चुअल), श्रीमती खुशी जोशी दिगारी (वर्चुअल), श्री भूपेन्द्र बसेडा, श्री ललित गित्यार, श्री राकेश खनवाल, श्री चन्द्रप्रकाश, सुश्री सोनम, श्री कुंदन कोरंगा, श्री बसंत तिवारी, श्री नवीन जोशी, श्री पूरन नगरकोटी, श्रीमती भागीरथी नगरकोटी, श्रीमती मीनाक्षी जोशी, श्री मोहित जोशी, संगीतकार श्री सुरेन्द्र बिष्ट एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

Advertisement
Advertisement

Related posts

“बुलेट राजाओं” पर चमोली पुलिस का एक्शन

pahaadconnection

यदि हो जाए टायफाईड तो करे इन चीजों का भोजन, मिलेगी तुरंत राहत

pahaadconnection

परीक्षा केंद्रो में लागू रहेगी धारा 144

pahaadconnection

Leave a Comment